पश्चिम एशिया की सबसे बड़ी मस्जिद तैयार, एक साथ कर सकेंगे 30 हजार लोग नमाज

सेनेगल की राजधानी डकार में पश्चिमी एशिया की सबसे बड़ी मस्जिद का उद्‌घाटन बीते दिनों कर दिया गया है। मुरीद ब्रदरहुड संगठन ने इसका उद्‌घाटन बीते शुक्रवार को किया, अब इस मस्जिद की क्षमता 30 हजार लोगों की है। मस्जिद के अंदर 15 हजार लोग एक साथ नमाज अदा कर सकेंगे। जबकि बाहरी हिस्से के खुले मैदान में 15,000 लोग नमाज पढ़ सकते हैं। इसे पश्चिमी एशिया की सबसे बड़ी मस्जिद का दर्जा हासिल हुआ है।

आपको बता दे की बॉप्प में 10 साल पहले मालिकुल जिनां नाम की इस मस्जिद का निर्माण शुरू हुआ था। मस्जिद 14 एकड़ जमीन पर बनाई गई है। इस मस्जिद में पांच मीनारें हैं। सबसे बड़ी मीनार की ऊंचाई 78 मीटर है। निर्माण कार्य के समन्वयक एम. फाये ने बताया कि मस्जिद के निर्माण में 3.3 करोड़ डॉलर (“234.43 करोड़) का खर्च आया है। यह सारी रकम चंदे से जुटाई गई है।

सेनेगल आधिकारिक तौर पर सेनेगल गणराज्य पश्चिम अफ्रीका का एक देश है। सेनेगल उत्तर में मॉरिटानिया, पूर्व में माली, दक्षिण-पूर्व में गिनी और दक्षिण-पश्चिम में गिनी-बिसाऊ से घिरा है। एकात्मक राष्ट्रपति गणराज्य की मुख्य भूमि है इस देश में। इसकी आबादी लगभग १५ मिलियन है। जलवायु आम तौर पर सहेलियन है हालांकि बारिश का मौसम है।

वही 4 अप्रैल 1959 को सेनेगल और फ्रांसीसी सूडान ने माली महासंघ का गठन किया जो 20 अप्रैल 1960 को फ्रांस के साथ 4 अप्रैल 1960 को हस्ताक्षरित शक्ति समझौते के हस्तांतरण के परिणामस्वरूप पूरी तरह से स्वतंत्र हो गया। आंतरिक राजनीतिक कठिनाइयों के कारण फेडरेशन 20 अगस्त को टूट गया था था जब सेनेगल और फ्रांसीसी सूडान ( माली गणराज्य का नाम बदला ) ने प्रत्येक स्वतंत्रता की घोषणा की थी।

दुनिया की सबसे बड़ी मस्जिद
मस्जिद अल-हराम या मस्जिद अल-हरम (अरबी: المسجد الحرام‎, अंग्रेज़ी: Masjid Al-Haram) इस्लाम के सबसे पवित्र स्थल, काबा, को पूरी तरह से घेरने वाली एक मस्जिद है। यह सउदी अरब के मक्का शहर में स्थित है और है। इसकी मान्यता पूरी दुनिया में बहुत मानी जाती है।